इन झोला छाप डाक्टरों का क्या करें

खोडा कालोनी, दिल्ली में एक झोला छाप डाक्टर बिमला क्लेयर ने एक महिला की डिलीवरी करवाई। डिलीवरी सामान्य हुई । लेकिन डाक्टर ने बताया की बच्ची ने पैदा होते ही दम तोड दिया है। और बच्ची को एक प्लास्टिक में लपेट कर उसके मात पिता को सौंप दिया। बच्ची के परिजनों ने रोना-पिटना शुरु कर दिया। डाक्टर की बात पर विश्वास करके परिजनों ने बच्ची को दफनाने कि प्रक्रिया शुरु कर दी। तभी किसी ने कहा कि बच्ची को दफनाने से पहले आखरी बार उसका मुँह तो देख्न लो। जैसे ही परिजनों ने उस बच्ची को प्लास्टिक से बाहर निकाल तो देखा उसकी आँखें खुली हुई थीं और हवा लगते ही वह जोर जोर से रोने लगी। यह देख कर सभी लोग खुशी से झूमने लगे। बच्ची कलावती अस्पताल में है और अब वह खतरे से बाहर है।

ये काम कर रहे हैं झोला छाप डाक्टर। एक और डाक्टर है जो घुटने में दर्द होने पर घुटने में ही स्टैथस्कोप लगा देता है।

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12 responses to “इन झोला छाप डाक्टरों का क्या करें

  1. अजी मैं तो कहता हूँ कि ऐसे डाक्टरों को ही दफना दीजिए.

  2. मार्केट में डिमाण्ड-सप्लाई का गणित है. तरह-तरह के लोग और तरह तरह के डाक्टर. वैसे डिग्री वाले भी कभी-कभी शूरवीरता का काम कर गुजरते हैं!

  3. Aise doctors ki to practise cancel kar deni chhaiye.. jahaan degreeyan paison mein bikti ho wahan aur ho bhi kay sakta hai..

  4. bilkul sahi baat he bhai…ekdum sahmat….magar ek mudda aur ye aata he ki hamare MBBS vale un ilako me jana pasand nhi karte jaha ye log apni sewaye de rahe he bhale hi tuti futi tarike se..mera mantavy inka paksh lene ka nhi he magar kadwi sachai ye he ki ye jholachap na ho to bimariyo se marne valo ki tadad bahut bahut zyada ho jaye…swasthya sewao ki anuplabdhata ke chalte

  5. ये डाकटर है ???

  6. ऐसे डॉक्टर देश की राजधानी दिल्ली में है तो बाकी पिछड़े हुए इलाकों का क्या हाल हो रहा होगा कल्पना की जा सकती है।
    हमारे अपने राज्य छत्तीसगढ़ में भी कमी नहीं ऐसे झोलाछाप डॉक्टरों की।

  7. Yeh ghatna rongte khare karne wali hai… In jhola chhap Doctors ko pilice ke hawale karna chahiye Aur Prashasan ko chahiye ki woh in ilako main Sarkari dispensary khole.

  8. भगवान बचाए इन डॉक्टरों से!!

  9. एक बात जो देखने वाली है कि इन मामलों मे सी. एम .ओ .की भूमिका क्या रहती है. ऊ. प्र. मे पिछलॆ तीन सालों से हर वर्ग की चिकित्सा पद्दति का रजिस्ट्रेशन अनिवार्य कर दिया गया है (यह कवायद झोला छापों को पकडने के लिए ही की गयी है.) लेकिन सरकारी तंत्र की तो महिमा अपार है.ऐसे बहुत से केस सामने आये हैं जहाँ सी .एम .ओ
    ने जाँच के उपरातं सुविधा शुल्क ले कर मामले को रफ़ा दफ़ा कर दिया और इन झोला छापों को ही बकायदा रजिस्ट्र्ड दिखा दिया.

  10. हमारे दफ्तर का वाकया है .. शिखा की दांतों में कई दिनों से दर्द था। जब दर्द बढता गया तो उसने डॉक्टर के पास जाने का फैसला किया। अगले दिन उसने बताया कि उसे एक दांतों के डॉक्टर ने चेकअप के बाद, बायी तरफ के एक दांत को निकलवाने की सलाह दी है। उस डॉक्टर ने दो दिन के बाद ऑपरेशन का समय दिया था। दांत निकलवाने के बाद जब शिखा घर लौटी तो उसकी दांतों में पहले जैसा दर्द शुरु हो गया। परेशान शिखा ने पाया कि उस डॉक्टर ने, जो हफ्ते भर से उसका इलाज कर रहा था, बाये जबड़े के बजाय दायी ओर के जबड़े का दांत उखाड़ दिया। हल्ला-हंगामे और पुलिस केस के बाद पता चला वह डॉक्टर ही नकली था।

  11. Aise jholachhap Doctor har gaon, shahar me Bekhatke apni dukan chhalate hain. Darasal yeh Sistem ka Failior hai. Hamare Shahar Chhatarpur M. P. me to aur bhi kamal karte hain ye Jholachhap Doctor. Kisi Nami Doctor ke Nam par Bhole-bhale gramin Marijon ko lootate hai. Pakde jane par phir apni dukan suru kar dete hai.

  12. mai manta hu ki aapki baat bilkul sahi hai ………….lekin dost hamare MBBS bhi kuchh kam nahi es tarah ke galat kam register dr. dwara bhi kiye jate hai fark bas etana hai ki unke paas insaano ke marne ka licence hai……! yadi ghatana MBBS dr. se hoti to koi kuch na kahata……………lkin jab jholachhap se hoti hai to use ek aparadh maan kar unhe hatane ki muhim chhed di jaati hai………………sach yah hai ki aaj bhi jholachhap dr. gramid area me logo ko bimari se bachate hai kyoki MBBS gramid area me jaana pasand nahi karte hai aur woh commission ke chakkar me marijo ko anawasyak hi bahut si davaye prescribed kar dete hai ……………………..!
    kahi aish na ho ki hum jhola chhap dr. ko hatane ke chakkar me lakho gramido ki jaan ka saida na kar de kyoki gao se sahar bahut dur hote hai aur wahan MBBS bhi nahi hote hai………?????????????????